अमर शहीदों को प्रणाम
अमर शहीदों को प्रणाम जिसने सींचा इस माटी को चलो उन्हें प्रणाम करें आज़ादी के अवसर पर…
स्वरचित दोहे 1 कृषक आज लाचार है , बेबस और निराश । बिना भाव के कर रहा , निज फसलों का नाश ॥ ( 05.06.17) मेरी प्रथम दोहा रचना । 2 …
अमर शहीदों को प्रणाम जिसने सींचा इस माटी को चलो उन्हें प्रणाम करें आज़ादी के अवसर पर…
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